ब्रेकिंग1 रुपए के शगुन में सजी सादगी भरी शाही शादी IPS केके बिश्नोई और अंशिका वर्मा जीवनसाथी बने, जोधपुर में हुआ भव्य रिसेप्शन...ब्रेकिंगधमकियों से परेशान भजन गायक छोटू सिंह रावणा, एसपी से मांगी सुरक्षा—1 अप्रैल को दर्ज कराएंगे FIR...ब्रेकिंगशादी से लौट रहे युवक पर तलवारों से हमला, उदयपुर में पुरानी रंजिश ने ली जान...ब्रेकिंगरविंद्र सिंह भाटी, छोटू सिंह रावणा, बाड़मेर विवाद, शिव विधायक, सोशल मीडिया विवाद, FIR, मानहानि केस, CID-CB जांच, राजपूत समाज, सड़क वीडियो विवादब्रेकिंगसावधान! एक क्लिक में खाली हुआ अकाउंट—जोधपुर में साइबर ठगी का बड़ा केस...ब्रेकिंग93% अंक लाकर भी अधूरी रह गई खुशी—श्रीगंगानगर की निकिता रिजल्ट से पहले ही दुनिया छोड़ गई...ब्रेकिंग1 रुपए के शगुन में सजी सादगी भरी शाही शादी IPS केके बिश्नोई और अंशिका वर्मा जीवनसाथी बने, जोधपुर में हुआ भव्य रिसेप्शन...ब्रेकिंगधमकियों से परेशान भजन गायक छोटू सिंह रावणा, एसपी से मांगी सुरक्षा—1 अप्रैल को दर्ज कराएंगे FIR...ब्रेकिंगशादी से लौट रहे युवक पर तलवारों से हमला, उदयपुर में पुरानी रंजिश ने ली जान...ब्रेकिंगरविंद्र सिंह भाटी, छोटू सिंह रावणा, बाड़मेर विवाद, शिव विधायक, सोशल मीडिया विवाद, FIR, मानहानि केस, CID-CB जांच, राजपूत समाज, सड़क वीडियो विवादब्रेकिंगसावधान! एक क्लिक में खाली हुआ अकाउंट—जोधपुर में साइबर ठगी का बड़ा केस...ब्रेकिंग93% अंक लाकर भी अधूरी रह गई खुशी—श्रीगंगानगर की निकिता रिजल्ट से पहले ही दुनिया छोड़ गई...

8th Pay Commission: कर्मचारियों के लिए बड़ी गुड न्यूज़, सरकार ने 8वें वेतन आयोग के गठन की दी मंजूरी

8th Pay Commission: कर्मचारियों के लिए बड़ी गुड न्यूज़, सरकार ने 8वें वेतन आयोग के गठन की दी मंजूरी
8th Pay Commission: कर्मचारियों के लिए बड़ी गुड न्यूज़, सरकार ने 8वें वेतन आयोग के गठन की दी मंजूरी

8th Pay Commission:  केंद्रीय कर्मचारियों को बजट 2025 से पहले ही बड़ी खुशखबरी दी है. दरअसल, मोदी सरकार ने आठवें वेतन आयोग के गठन (8th pay Commission)  के लिए मंज़ूरी दी. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) के नेतृत्व वाली सरकार ने आठवें वेतन आयोग के गठन का फैसला ऐसे वक्‍त में लिया है, जब केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स का महंगाई भत्ता बढ़कर 53 फीसदी तक पहुंच चुका है.

केंद्रीय कर्मचारी और पेंशनर्स लंबे समय से इस राहत की उम्मीद लगाए बैठे थे. हालांकि, अब तक संसद में जब इससे जुड़े सवाल पूछे गए, तो सरकार इस तरह का कोई प्रपोजल न आने की बात करती नजर आई थी, लेकिन अब अचानक सरकार ने ये तोहफा केंद्रीय कर्मचारियों को देने का रास्ता साफ कर दिया है.  यह साल 2026 से लागू होगा। यह जानकारी केंद्रीय मंत्री अश्वनी वैष्णव ने दी। उन्होंने कहा- सातवां वेतन आयोग 2016 में लागू हुआ था, इसका कार्यकाल 2026 तक है।

2025 में खत्म होगा 7वें वेतन आयोग का कार्यकाल
केंद्र सरकार हर 10 साल के अंतराल में नया वेतन आयोग लागू करती है। मौजूदा 7वें वेतन आयोग का कार्यकाल 31 दिसंबर 2025 को समाप्त हो जाएगा। इसके बाद 8वें वेतन आयोग के तहत कर्मचारियों की सैलरी और अन्य भत्तों में बदलाव की संभावना है।

फिटमेंट फैक्टर से तय होगा सैलरी का नया ढांचा
8वें वेतन आयोग में फिटमेंट फैक्टर 1.92 के आधार पर वेतन संरचना तैयार की जा सकती है। उदाहरण के तौर पर, फिलहाल लेवल-1 के कर्मचारियों की बेसिक सैलरी 18,000 रुपए (1800 ग्रेड पे सहित) है। यह फिटमेंट फैक्टर के आधार पर बढ़कर लगभग 34,560 रुपए हो सकती है। वहीं, कैबिनेट सचिव स्तर के लेवल-18 के अधिकारियों की बेसिक सैलरी 2.5 लाख रुपए से बढ़कर करीब 4.8 लाख रुपए तक पहुंच सकती है।

पेंशन पर क्या होगा असर?
यदि 8वां वेतन आयोग जनवरी 2026 से लागू होता है, तो केंद्रीय कर्मचारियों का न्यूनतम वेतन 34,560 रुपए होने की संभावना है। इसके आधार पर पेंशन भी संशोधित होगी। उदाहरण के तौर पर, लेवल-1 के कर्मचारियों की पेंशन बेसिक सैलरी का 50% यानी 17,280 रुपए + डीआर (महंगाई राहत) होगी। हालांकि, यह आंकड़ा उन्हीं कर्मचारियों पर लागू होगा, जिन्होंने अपने पूरे करियर में एक ही लेवल पर काम किया हो। प्रमोशन और अन्य लाभों के कारण यह पेंशन वास्तविक रूप से अधिक हो सकती है।

लेवल-18 के अधिकारियों के मामले में बेसिक सैलरी 4.8 लाख रुपए होने पर उनकी पेंशन 2.4 लाख रुपए + डीआर होगी। यह उच्च पद पर काम करने वाले अधिकारियों के लिए बड़ी राहत होगी।

सैलरी निर्धारण का आधार
8वें वेतन आयोग के तहत कर्मचारियों की सैलरी फिटमेंट फैक्टर के आधार पर तय होगी। 7वें वेतन आयोग में यह फैक्टर 2.57 था। हालांकि, कुछ मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, 8वें वेतन आयोग में यह फैक्टर 1.92 या 2.86 के बीच हो सकता है। सरकार के अंतिम निर्णय के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि फिटमेंट फैक्टर कितना होगा।

इस लेख को शेयर करें

संबंधित लेख

सबसे ज्यादा पढ़ा गया