Jambhsar Media Desk, New Delhi : लोकसभा चुनाव से ठीक पहले सरकार ने रेल यात्रियों को बड़ी खुशखबरी दी है। रेलवे ने टिकट की कीमतों को एक बार फिर पूर्व-कोविड स्तर पर कर दिया है। इस कदम से पैसेंजर ट्रेनों के टिकट की कीमतों में लगभग 40-50 प्रतिशत की गिरावट आएगी।
दरअसल, पहले यात्रियों को पैसेंजर ट्रेन यात्रा के लिए एक्सप्रेस ट्रेन का किराया देना पड़ता था लेकिन अब भारतीय रेलवे ने ‘पैसेंजर ट्रेनों’ पर द्वितीय श्रेणी के साधारण किराए को बहाल कर दिया है। जानकारी के लिए बता दें कि अब पैसेंजर ट्रेनों को ‘एक्सप्रेस स्पेशल’ या ‘मेमू/डेमू एक्सप्रेस’ ट्रेनों के रूप में जाना जाता है।
ईटी की रिपोर्ट के मुताबिक रेलवे अधिकारियों ने मुख्य बुकिंग आरक्षण पर्यवेक्षकों को मंगलवार की सुबह से इस बदलाव के बारे में सूचित कर दिया है। रेलवे अधिकारियों ने सभी मेनलाइन इलेक्ट्रिक मल्टीपल यूनिट (एमईएमयू) ट्रेनों और ‘शून्य’ से शुरू होने वाले नंबरों वाली ट्रेनों पर साधारण श्रेणी के किराए में लगभग 50% की कमी की है।
इसके अतिरिक्त, अनारक्षित टिकटिंग सिस्टम (यूटीएस) ऐप में किराया स्ट्रक्चर में संशोधन किए गए। यह किराया कटौती उन सभी ट्रेनों पर लागू होती है जिन्हें पहले पैसेंजर ट्रेनों के रूप में वर्गीकृत किया गया था और अब देश भर में ‘एक्सप्रेस स्पेशल’ या मेमू ट्रेनों के रूप में संचालित किया जा रहा है।
साल 2020 में कोविड महामारी के आने के बाद रेलवे ने ‘पैसेंजर ट्रेनों’ को चरणबद्ध तरीके से बंद कर दिया था। जब स्थिति सामान्य हुई तो पैसेंजर ट्रेन के न्यूनतम टिकट की कीमत 10 रुपये से बढ़ाकर 30 रुपये कर दी गई। इसे एक तरह से एक्सप्रेस ट्रेन के किराए के साथ जोड़ दिया गया।
फैसले का स्वागत: सेंट्रल रेलवे यात्री सलाहकार समिति के सदस्य शिवनाथ बियानी ने टाइम्स ऑफ इंडिया को बताया कि कई गंतव्यों के लिए टिकट की कीमतें कम कर दी गई हैं।
यह कटौती गुरुवार से लागू हो गई है। बियानी ने बताया कि महामारी के दौरान भीड़भाड़ को रोकने के लिए पैसेंजर ट्रेनों को चार साल पहले रद्द कर दिया गया था। जब इन्हें दोबारा शुरू किया गया तो यात्रियों को अपनी यात्रा के लिए एक्सप्रेस किराया देना पड़ता था। बियानी ने सरकार के फैसले का स्वागत किया है।








