Jambhsar Media Desk, New Delhi: मोदी सरकार किसानों को हर साल वित्तीय सहायता देती है और करोड़ों किसानों को 2 हज़ार रूपए की क़िस्त दी जाती है। सरकार अभी तक किसानों को 15 किस्तों का पैसा दे चुकी है और अब किसान 16 वीं क़िस्त का इंतज़ार कर रहे हैं। अगर आप भी इन्ही किसानों में से हैं तो जान लीजिये की सरकार कल किसानों के खाते में पैसे ट्रांसफर करने जा रही है
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की 16वीं किस्त का इंतजार पूरा होने वाला है. पीएम मोदी 28 फरवरी (बुधवार) को योजना की किस्त जारी करेंगे. इसका लाभ करीब नौ करोड़ लाभार्थी किसानों को मिलेगा. पिछले दिनों पीएम किसान सम्मान निधि की किस्त के जारी होने की जानकारी ऑफिशियल वेबसाइट (https://pmkisan.gov.in) पर दी गई थी. यह केंद्र सरकार की सबसे महत्वाकांक्षी योजना है और इसके तहत लाभार्थियों को 6,000 रुपये सालाना दिये जाते हैं.
केंद्र सरकार की तरफ से जारी किये जाने वाले इस पैसे को दो-दो हजार रुपये की तीन समान किस्तों में ट्रांसफर किया जाता है. इससे पहले 15वीं किस्त के 2000 रुपये 15 नवंबर 2023 को लाभार्थियों के खाते में डीबीटी के जरिये ट्रांसफर किये गए थे. उस समय भी 8 करोड़ से ज्यादा किसानों तक 18,000 करोड़ रुपये की राशि पहुंचाई गई थी.अगर किसी किसान को ई-केवाईसी पूरी नहीं होने या अन्य दस्तावेजों के अभाव में 15वीं किस्त का पैसा नहीं मिला और अब उन्होंने प्रक्रिया को पूरा कर दिया है. तो इस बार ऐसे किसानों के खाते में 4000 रुपये आने की उम्मीद है.
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि से जुड़ी किसी भी तरह की परेशानी होने पर किसान भाई pmkisan-ict@gov.in पर ई-मेल कर सकते हैं. इसके अलावा आप 155261 या 1800115526 (टोल-फ्री) या 011-23381092 पर भी संपर्क कर सकते हैं. कृषि और किसान कल्याण मंत्रालय की तरफ से अलग-अलग भाषाओं में पीएम-किसान आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस चैटबॉट (किसान ई-मित्र) भी पेश किया गया है. इसके जरिये भी किसानों की समस्याओं पर सुनवाई की जा रही है.
> सबसे पहले पीएम-किसान निधि की आधिकारिक वेबसाइट pmkisan.gov.in पर जाएं.
> इसके बाद होमपेज पर दिए गए ‘फार्मर कॉर्नर’ पर जाएं.
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> ड्रॉप-डाउन मेन्यू में जाकर राज्य, जिला, उप जिला, ब्लॉक या गांव को सिलेक्ट करें.
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पीएम-किसान योजना का फायदा ऐसे किसानों को नहीं मिलता जिनकी तरफ से आयकर का भुगतान किया जाता है. इसके अलावा नगर निगमों के महापौर, जिला पंचायत अध्यक्षों और राज्य विधान सभाओं, राज्य विधान परिषदों, लोकसभा या राज्यसभा के पूर्व या वर्तमान सदस्यों जैसे संवैधानिक पदों पर रहने वाले भी इस योजना का लाभ लेने के लिए पात्र नहीं हैं.
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अंतरिम बजट 2024-25 पेश करते हुए कहा था कि एग्रीकल्चर सेक्टर में मूल्य संवर्धन और किसानों की आमदनी बढ़ाने के प्रयासों को आगे बढ़ाया जाएगा. उन्होंने कहा कि सरकार की तरफ से 11.8 करोड़ किसानों को पीएम किसान योजना के तहत वित्तीय मदद दी जा रही है.








