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सूचना नहीं या सियासी खेल? बायतु में PM विजिट से पहले बयान ने बढ़ाया सस्पेंस!

बायतु, पचपदरा रिफाइनरी, प्रधानमंत्री दौरा, हरीश चौधरी बयान, स्वागत परंपरा,
बायतु, पचपदरा रिफाइनरी, प्रधानमंत्री दौरा, हरीश चौधरी बयान, स्वागत परंपरा,

बाड़मेर/बालोतरा (राजस्थान):
राजस्थान के बायतु विधानसभा क्षेत्र में स्थित पचपदरा रिफाइनरी के उद्घाटन को लेकर जहां प्रशासन और सरकार तैयारियों में जुटी हुई है, वहीं इस दौरे से पहले स्थानीय राजनीति भी गर्माती नजर आ रही है। देश के प्रधानमंत्री Narendra Modi के प्रस्तावित दौरे को लेकर बायतु के विधायक और पूर्व मंत्री Harish Chaudhary ने अपनी नाराजगी जाहिर की है।

हरीश चौधरी ने कहा कि उनके लिए यह पूरे बायतु क्षेत्र का गर्व का विषय है कि देश के प्रधानमंत्री यहां आ रहे हैं, लेकिन उन्हें इस कार्यक्रम की कोई आधिकारिक सूचना नहीं दी गई। उन्होंने अफसोस जताते हुए कहा कि यदि उन्हें पहले से जानकारी मिलती, तो वे अपनी क्षेत्रीय परंपरा के अनुसार प्रधानमंत्री का स्वागत करते।

उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि थार क्षेत्र में किसी भी शुभ अवसर पर मेहमानों के स्वागत की एक विशेष परंपरा होती है, जिसमें स्थानीय व्यंजन जैसे खीच, गुड़ और घी भेंट किए जाते हैं। चौधरी के अनुसार, वे भी इसी परंपरा के तहत प्रधानमंत्री का स्वागत करना चाहते थे, लेकिन सूचना के अभाव में ऐसा नहीं कर पाएंगे।

राजनीतिक मायने क्या हैं?
इस बयान को केवल एक व्यक्तिगत भावनात्मक प्रतिक्रिया नहीं, बल्कि राजनीतिक संकेत के रूप में भी देखा जा रहा है। कार्यक्रम जैसे-जैसे नजदीक आ रहा है, विपक्ष और सत्तारूढ़ दल के बीच समन्वय और सूचना साझा करने को लेकर सवाल उठने लगे हैं।

रिफाइनरी उद्घाटन का महत्व
पचपदरा रिफाइनरी राजस्थान के लिए एक बड़ी औद्योगिक परियोजना मानी जा रही है, जिससे क्षेत्र में रोजगार और विकास को गति मिलने की उम्मीद है। ऐसे में प्रधानमंत्री का दौरा न केवल आर्थिक दृष्टि से, बल्कि राजनीतिक रूप से भी काफी अहम माना जा रहा है।
एक ओर जहां क्षेत्र के लोग प्रधानमंत्री के आगमन को लेकर उत्साहित हैं, वहीं स्थानीय जनप्रतिनिधि की नाराजगी ने इस पूरे घटनाक्रम को राजनीतिक रंग दे दिया है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि इस मुद्दे पर आगे क्या प्रतिक्रिया सामने आती है।

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