राजस्थान में प्रीमियम श्रेणी के पेट्रोल (पावर पेट्रोल) की कीमतों में फिर बढ़ोतरी दर्ज की गई है। शुक्रवार, 20 मार्च को सरकारी तेल कंपनियों ने संशोधित दरें जारी कीं, जिसके बाद कई जिलों में प्रीमियम पेट्रोल महंगा हो गया है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में उछाल इसका प्रमुख कारण माना जा रहा है।
क्यों बढ़े पेट्रोल के दाम?
वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतें इन दिनों अस्थिर बनी हुई हैं। खासकर इजरायल, अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव ने तेल सप्लाई को लेकर अनिश्चितता पैदा कर दी है। इसके चलते अंतरराष्ट्रीय बाजार में क्रूड ऑयल महंगा हुआ है, जिसका सीधा असर भारत के ईंधन बाजार पर पड़ा है।
भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा आयात करता है, इसलिए वैश्विक उतार-चढ़ाव का असर सीधे पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर देखने को मिलता है।
किन जिलों में कितना असर?
राजस्थान के अलग-अलग जिलों में प्रीमियम पेट्रोल की कीमतों में अंतर देखने को मिला है।
बाड़मेर में सबसे ज्यादा कीमत दर्ज की गई है, जहां टैक्स और ट्रांसपोर्ट लागत ज्यादा होने से पेट्रोल महंगा पड़ा।
जैसलमेर, बीकानेर और जालोर जैसे पश्चिमी जिलों में भी कीमतें अपेक्षाकृत अधिक हैं।
वहीं अजमेर में अन्य जिलों के मुकाबले कम रेट दर्ज किया गया है, जिससे यहां के उपभोक्ताओं को थोड़ी राहत मिली है।
क्या है ‘पावर पेट्रोल’?
पावर पेट्रोल सामान्य पेट्रोल से अलग एक प्रीमियम फ्यूल होता है, जिसमें इंजन की परफॉर्मेंस बेहतर करने वाले एडिटिव्स मिलाए जाते हैं। यह वाहन के माइलेज और इंजन की स्मूदनेस को बेहतर बनाने में मदद करता है, इसलिए इसकी कीमत सामान्य पेट्रोल से ज्यादा होती है।
आम लोगों पर असर
प्रीमियम पेट्रोल की कीमत बढ़ने से उन वाहन चालकों पर सीधा असर पड़ेगा, जो हाई-परफॉर्मेंस या लग्जरी वाहनों में इसका उपयोग करते हैं। साथ ही, ट्रांसपोर्ट लागत बढ़ने का असर धीरे-धीरे अन्य वस्तुओं की कीमतों पर भी पड़ सकता है।
विशेषज्ञों के मुताबिक, यदि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें इसी तरह बढ़ती रहीं, तो आने वाले दिनों में ईंधन के दाम और बढ़ सकते हैं। वहीं अगर वैश्विक तनाव कम होता है, तो कीमतों में राहत भी संभव है।








