ब्रेकिंगमहाकुंभ की मोनालिसा निकली नाबालिग! शादी के बाद हुआ बड़ा खुलासा...ब्रेकिंग“दस्तावेज सही या साजिश गहरी? महाकुंभ वायरल लव स्टोरी में बड़ा खुलासा,फरमान के दावों से बढ़ा विवाद”ब्रेकिंग“लोकसभा में बड़ा उलटफेर तय! परिसीमन और आरक्षण मिलकर कैसे बदलेंगे सत्ता का गणित?”ब्रेकिंग“मोनालिसा गायब” की अफवाह का खुलासा! वायरल वीडियो बना सिरदर्द, सामने आई पूरी सच्चाईब्रेकिंगDubai Sheikh Lifestyle: दुबई के शेखों की ताकत का राज है ये चीज़, खाने के बाद कमरें से निकलती है चीखेंब्रेकिंग“परंपरा की नई मिसाल केक बैन से लेकर सादी सगाई तक, समाज ने दिखाई जागरूकता”ब्रेकिंगमहाकुंभ की मोनालिसा निकली नाबालिग! शादी के बाद हुआ बड़ा खुलासा...ब्रेकिंग“दस्तावेज सही या साजिश गहरी? महाकुंभ वायरल लव स्टोरी में बड़ा खुलासा,फरमान के दावों से बढ़ा विवाद”ब्रेकिंग“लोकसभा में बड़ा उलटफेर तय! परिसीमन और आरक्षण मिलकर कैसे बदलेंगे सत्ता का गणित?”ब्रेकिंग“मोनालिसा गायब” की अफवाह का खुलासा! वायरल वीडियो बना सिरदर्द, सामने आई पूरी सच्चाईब्रेकिंगDubai Sheikh Lifestyle: दुबई के शेखों की ताकत का राज है ये चीज़, खाने के बाद कमरें से निकलती है चीखेंब्रेकिंग“परंपरा की नई मिसाल केक बैन से लेकर सादी सगाई तक, समाज ने दिखाई जागरूकता”

“जयपुर में बढ़ा ‘ओरण बचाओ’ आंदोलन का ताप! सीएम हाउस से पहले रोके गए लोग, फिर हुआ बड़ा टकराव”

ओरण बचाओ आंदोलन, जयपुर प्रदर्शन, रविंद्र सिंह भाटी, गोचर भूमि विवाद
ओरण बचाओ आंदोलन, जयपुर प्रदर्शन, रविंद्र सिंह भाटी, गोचर भूमि विवाद

जयपुर |
राजधानी जयपुर में गुरुवार को ‘ओरण बचाओ’ पदयात्रा के दौरान माहौल उस समय गरमा गया, जब प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच हल्की झड़प की स्थिति बन गई। यह यात्रा बाड़मेर जिले के शिव से निर्दलीय विधायक रविंद्र सिंह भाटी के नेतृत्व में निकाली जा रही थी, जिसमें प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों से आए सैकड़ों लोग शामिल हुए।

सीएम हाउस की ओर बढ़ते प्रदर्शनकारियों को रोका

पदयात्रा की शुरुआत सीकर रोड स्थित भवानी निकेतन क्षेत्र से हुई थी और इसका उद्देश्य मुख्यमंत्री आवास तक पहुंचकर सरकार को ज्ञापन सौंपना था। लेकिन सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए पुलिस ने जुलूस को बीच रास्ते में ही रोक दिया। आगे बढ़ने की कोशिश के दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की हुई, जिससे कुछ देर के लिए तनावपूर्ण स्थिति बन गई।

f07946a0-efe6-4edd-b25e-0721a1180e5a.jpg

स्थिति को देखते हुए बड़ी संख्या में लोग वहीं सड़क पर बैठ गए और नारेबाजी करते हुए धरना शुरू कर दिया।

ओरण और गोचर भूमि बचाने की मांग

प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांग पारंपरिक ‘ओरण’ (संरक्षित वन व चारागाह क्षेत्र) और गोचर भूमि के संरक्षण से जुड़ी है। उनका कहना है कि इन जमीनों का सही रिकॉर्ड नहीं होने के कारण अतिक्रमण तेजी से बढ़ रहा है। इससे न केवल पर्यावरण को नुकसान हो रहा है, बल्कि किसानों और पशुपालकों की आजीविका भी प्रभावित हो रही है।

विधायक भाटी ने सरकार पर लगाए आरोप

धरने को संबोधित करते हुए विधायक भाटी ने राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सीमावर्ती इलाकों से बड़ी संख्या में ग्रामीण और बुजुर्ग लोग अपनी मांगों को लेकर राजधानी पहुंचे हैं, लेकिन सरकार उनकी समस्याओं के समाधान के प्रति गंभीर नजर नहीं आ रही।

6250de7c-264c-4292-83cb-82d55c99297f.jpg

भाटी के अनुसार, कई स्थानों पर बड़ी कंपनियों और उद्योगों द्वारा ओरण भूमि पर कब्जे के मामले सामने आए हैं, लेकिन उन पर ठोस कार्रवाई नहीं हो रही है। उन्होंने सरकार से जल्द स्पष्ट नीति और कड़े कानून बनाने की मांग की।

खेजड़ी पेड़ों और जल स्रोतों की सुरक्षा भी मुद्दा

आंदोलनकारियों ने खेजड़ी जैसे पारंपरिक पेड़ों के संरक्षण और जल स्रोतों को बचाने की मांग भी उठाई। उनका कहना है कि सरकार ने पहले इन विषयों पर कानून बनाने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक ठोस कदम नहीं उठाए गए हैं।

तनोट से शुरू हुई थी लंबी पदयात्रा

यह ‘ओरण बचाओ’ यात्रा तनोट माता मंदिर से 21 जनवरी को शुरू हुई थी। इसमें शामिल लोग सैकड़ों किलोमीटर की दूरी तय कर जयपुर पहुंचे हैं। खास बात यह है कि कई लोग इस यात्रा में नंगे पैर शामिल हुए, जो इस आंदोलन की गंभीरता और भावनात्मक जुड़ाव को दर्शाता है।

आगे आंदोलन तेज करने की चेतावनी

प्रदर्शनकारियों ने साफ कहा है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो आंदोलन को और बड़ा रूप दिया जाएगा। फिलहाल प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है और शांति बनाए रखने की अपील कर रहा है।
जयपुर में ‘ओरण बचाओ’ आंदोलन ने अब बड़ा रूप लेना शुरू कर दिया है। यह सिर्फ भूमि विवाद का मुद्दा नहीं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण, ग्रामीण जीवन और पारंपरिक संसाधनों के अस्तित्व से जुड़ा सवाल बन चुका है। आने वाले दिनों में सरकार की प्रतिक्रिया इस आंदोलन की दिशा तय करेगी।

इस लेख को शेयर करें

संबंधित लेख

सबसे ज्यादा पढ़ा गया