केंद्र में ओबीसी आरक्षण की मांग को लेकर बिश्नोई समाज के लोगों ने पीएम नरेंद्र मोदी की जोधपुर रैली से एक दिन पहले केन्द्रीय जल शक्ति मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत के आवास का घेराव किया। बिश्नोई ओबीसी आरक्षण संघर्ष समिति के विक्रम सिंह बिश्नोई के नेतृत्व में गजेन्द्र सिंह शेखावत द्वारा की बार समाज को केंद्र में ओबीसी आरक्षण दिलवाने की बात से अवगत करवाने के बावजूद सांसद द्वारा आरक्षण की बात केंद्र तक नहीं पहुँचाने से नाराज बिश्नोई समाज के लोगों ने सांसद के घर का घेराव कर शांतिपूर्ण धरना प्रदर्शन का रास्ता चुना।
आज बुधवार को जोधपुर सांसद और केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत के अजीत भवन स्थित आवास पर बिश्नोई समाज की ओर से समाज को केंद्र में ओबीसी आरक्षण नहीं देने को लेकर विरोध प्रदर्शन किया गया। इससे पहले सुबह 10:30 बजे समाज के लोग रातानाडा (जोधपुर) स्थित बिश्नोई धर्मशाला में एकत्रित हुए और हवन करने के बाद धर्मशाला से कतार बनाकर शांतिपूर्ण ढंग से अजीत कॉलोनी स्थित सांसद के आवास की और कूच किया।

पुलिस ने लोगों को केन्द्रीय मंत्री के आवास के आगे बैरिकेड लगाकर घर से काफी दूर रोकने का प्रयास किया परंतु प्रदर्शन कारी बैरिकेड को हटाकर सांसद शेखावत के घर के पास पहुँच गए। धरना प्रदर्शन के दौरान बिश्नोई समाज के लोगों ने गजेन्द्र सिंह शेखावत पर आरोप लगाया कि समाज ने उन्हें मुकाम, खेजड़ली, जांभा सहित समाज के विभिन्न मंचों पर बुलाकर बिश्नोई समाज को केंद्र में ओबीसी आरक्षण दिलाने की मांग की पैरवी करने के लिए कहा लेकिन सांसद ने समाज की यह मांग कहीं नहीं राखी।
समाज ने कहा कि बिश्नोई बाहुल्य जोधपुर लोकसभा सीट से बीजेपी ने बिश्नोई समाज के व्यक्ति का टिकट काटकर गैर बिश्नोई को खड़ा किया फिर भी समाज ने गजेन्द्र सिंह शेखावत को बहुमत से जितवाया। आज जब बिश्नोई समुदाय को केंद्र में ओबीसी में शामिल करने की मांग उठी है तो शेखावत ने केंद्र सरकार के समक्ष समाज की यह मांग नहीं रखी। इस बात से समाज आक्रोशित है और आने वाले समय में जोधपुर से गैर बिश्नोई उम्मीदवार को वोट नहीं देंगे।”

कल गुरुवार को जोधपुर में प्रधानमंत्री की रैली है जिसको देखते हुए बिश्नोई समाज के लोगों ने केन्द्रीय मंत्री के घर का घेराव करके घरना प्रदर्शन किया और समाज का कहना है कि गजेन्द्र सिंह शेखावत केंद्र सरकार के सामने बिश्नोई ओबीसी आरक्षण की मांग नहीं रख पाए लेकिन कल हमारे समाज का डेलीगेशन प्रधानमंत्री से मिले और हम स्वयं पीएम के सामने केंद्र में बिश्नोई समाज को आरक्षण देने की मांग रखें।
आपको बता दें कि बिश्नोई समुदाय को राजस्थान में तो ओबीसी आरक्षण प्राप्त है, लेकिन केंद्रीय स्तर पर उन्हें ओबीसी आरक्षण नहीं दिया गया है। इस मुद्दे को लेकर समुदाय पिछले 23 वर्षों से संघर्ष कर रहा है। 2 अक्टूबर को गांधी जयंती के अवसर पर खेजड़ली स्थित शहीद 363 बलिदान स्थल से शांति मार्च निकाला गया। इसके बाद समुदाय के लोग गांधी प्रतिमा के सामने एकत्र हुए, जहां उन्होंने 5 अक्टूबर को होने वाली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रैली के खिलाफ चेतावनी भी दी। बिश्नोई ओबीसी आरक्षण संघर्ष समिति के विक्रम सिंह बिश्नोई ने कहा कि केंद्रीय आरक्षण के अभाव के कारण लोगों में गुस्सा है।








