Jambhsar Media News Digital Desk नई दिल्ली: पंजीयक शिक्षा विभागीय परीक्षाएं राजस्थान बीकानेर की ओर से पिछले साल की तरह इस सत्र में भी डीएलएड सैशन लेट शुरू किया गया है। जुलाई से शुरू होने वाला सत्र 23 जनवरी से शुरू किया गया है, जो छह माह विलंब से चल रहा है।
पंजीयक शिक्षा विभागीय परीक्षाएं राजस्थान बीकानेर की ओर से पिछले साल की तरह इस सत्र में भी डीएलएड सैशन लेट शुरू किया गया है। जुलाई से शुरू होने वाला सत्र 23 जनवरी से शुरू किया गया है, जो छह माह विलंब से चल रहा है। कोविड-19 की वजह से लेट हुआ सत्र चार साल बाद भी पटरी पर नहीं आ पाया है।
गौरतलब है कि 2019-20 व 2020-21 में कोविड-19 की वजह से सत्र पूरी तरह गड़बड़ा गया था, लेकिन 2021-22 में इसे फिर से सही समय पर चालू करने का प्रयास किया गया, लेकिन ये कारगर नहीं हुए। ये सत्र तीन माह विलम्ब से शुरू हुआ। इसके बाद 2022-23 में डीएलएड में नव प्रवेशित छात्राध्यापकों की रिपोर्टिंग नवम्बर-दिसंबर से शुरू हुई, जो अपवर्ड मूवमेंट के बाद मार्च तक चली। ये ही हाल इस सत्र का है।
इस सत्र 2023-24 में डीएलएड में पहले राउंड की प्रवेश प्रक्रिया दिसंबर से शुरू हुई। इसमें भी पूरी सीटें नहीं भर पाई। डीएलएड के महाविद्यालयों में अभी कई सीटें खाली चल रही है। नए सत्र की प्रवेश प्रक्रिया अभी तक पूर्ण नहीं हो पाई है। यूनिवर्सिटी ने पहले राउंड की प्रवेश प्रक्रिया के बाद अपवर्ड मूवमेंट अभी तक शुरू नहीं किया है। इसमें नव प्रवेशित छात्राध्यापकों को अपनी पसंद के अनुसार महाविद्यालय बदलने का मौका मिलता है, जो अभी तक ठंडे बस्ते में हैं।
हालांकि पंजीयक शिक्षा विभागीय परीक्षाएं राजस्थान बीकानेर के आदेश पर नए सत्र 2023-24 की प्रथम वर्ष की कक्षाएं संचालित के आदेश तो कर दिए गए हैं, लेकिन वे छात्राध्यापक अभी तक भी असमंजस में हैं। जिन्होंने अपवर्ड मूवमेंट के लिए हाँ पर क्लिक किया है। यूनिवर्सिटी ने अभी तक दूसरे राउंड की प्रवेश प्रक्रिया शुरू नहीं की है। जबकि पहले राउंड को निकले एक माह हो चुका है।
स्पष्ट है कि यूनिवर्सिटी इस प्रक्रिया को रोककर डीएलएड 2022-23 की परीक्षाओं में व्यस्त हो गई। इस सत्र की परीक्षाएं 23 जनवरी से शुरू हुई। जो फरवरी के पहले सप्ताह तक चली। अब फरवरी के दूसरे सप्ताह में सत्र 2023-24 के नए सत्र में डीएलएड में प्रवेश के लिए दूसरे राउंड की प्रक्रिया शुरू हो सकती है, जो पिछले साल की तरह मार्च तक चलने की संभावना है। डीएलएड का सत्र जो जुलाई से शुरू होता था औऱ मई में परीक्षा आयोजित होने के बाद दूसरे सत्र की शुरूआत कर दी जाती थी। यूनिवर्सिटी को सत्र में बदलाव कर दिसंबर से शुरू कर इसके एक साल बाद आने वाली जनवरी तक संचालित करना पड़ेगा।








