Jambhsar Media Desk, New Delhi: SOG ने आज एक बड़ी कार्यवाही को अंजाम देते हुए JEN भर्ती पेपर लीक प्रकरण के मास्टरमाइंड जगदीश बिश्नोई को काबू किया है. यह अहम् सफलता SOG को जयपुर के जवाहरकला केंद्र के एरिया में मिली.
इससे पहले एसओजी की टीम ने जयपुर, दौसा और भरतपुर में मास्टरमाइंड हर्षवर्धन मीणा और सरकारी टीचर राजेंद्र यादव के 14 से ज्यादा ठिकानों पर रेड डाली थी।
एडीजी एसओजी वीके सिंह ने बताया कि मास्टमाइंड जगदीश विश्नोई ही पूरी गैंग को ऑपरेट करता था और जेईएन भर्ती परीक्षा 2020 का पेपर लीक करने वाली गैंग का मास्टरमाइंड है। आरोपी जगदीश विश्नोई सांचौर थाना क्षेत्र के दाता गांव का निवासी है।
इस गैंग में पटवारी हर्षवर्धन, राजेंद्र यादव सहित कई आरोपी शामिल है। आरोपी जगदीश पेपर लीक मामले में पहले भी एक दर्जन से ज्यादा बार गिरफ्तार हो चुका है। जगदीश ने ही जयपुर के खातीपुरा स्थित मेजर दिग्विजय सिंह सुमन राजकीय उच्च माध्यमिक स्कूल में साथी राजेंद्र यादव के साथ में मिलकर जेईएन भर्ती परीक्षा 2020 का पेपर लीक किया था।
दो आरोपियों के एक दर्जन से ज्यादा ठिकानों पर छापेमारी
इधर, मुख्य आरोपी हर्षवर्धन मीणा और साथी राजेन्द्र यादव के करीब एक दर्जन से भी ज्यादा ठिकानों पर एसओजी की टीमों ने आज छापेमारी की। सुबह से जयपुर और दौसा जिलों में कई जगहों पर जानकारी जुटाई जा रही है।
जयपुर के वैशाली नगर और चित्रकूट इलाके में स्थित एक स्कूल में भी रेड डाली। झोटवाड़ा और करधनी क्षेत्र में भी एसओजी की टीमें पहुंची। जयपुर के अलावा हर्षवर्धन के दौसा जिले में स्थित मकान, दौसा के महुआ और आसपास के छह ठिकानों पर जांच की। शिक्षक राजेन्द्र कुमार यादव और उसके एसोशिएट पार्टनर के वर्धमान नगर, चित्रकूट, वैशाली नगर, झोटवाड़ा, करधनी में सर्च किया गया।
एसओजी ने 20 फरवरी को किया था खुलासा
एसओजी ने इस पूरे केस का 20 फरवरी को खुलासा किया था। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में पहला आरोपी 50 हजार रुपए का इनामी हर्ष वर्धन कुमार मीणा है, जो दौसा के महुआ का रहने वाला है और हाल में वह पटवारी है। दूसरा आरोपी राजेंद्र कुमार यादव पुत्र द्वारका प्रसाद जयपुर के खातीपुरा का रहने वाला है। 55 वर्षीय राजेंद्र यादव तृतीय श्रेणी सरकारी अध्यापक है।
तीसरे आरोपी का नाम भी राजेंद्र यादव है, जिसके पिता का नाम तेजपाल यादव है और वह कालाडेरा के पास टाडावास गांव का रहने वाला है। राजेंद्र सब इंस्पेक्टर भर्ती 2021 में चयनित हो चुका है। चौथा आरोपी शिवरतन मोट उर्फ शिवा है जो कि श्रीगंगानगर का रहने वाला है। यह आरोपी श्रीगंगानगर में सरकारी स्कूल में पदस्थ एक लाइब्रेरियन है। ये चारों सरकारी कर्मचारी पेपर लीक के आरोप में गिरफ्तार किए गए हैं।
साढ़े तीन साल में दो दर्जन आरोपी
बता दें 6 दिसम्बर 2020 को राजस्थान के सभी शहरों में जेईएएन भर्ती परीक्षा आयोजित हुई थी, जिसका पेपर कुख्यात जगदीश विश्नोई ने लीक करवाया था। पिछले दिनों इस पूरे केस का खुलासा एसओजी एटीएस के एडीजी वीके सिंह ने किया था। जेईएएन भर्ती पेपर लीक केस में करीब दो दर्जन आरोपी पिछले साढ़े तीन साल में अरेस्ट किए जा चुके हैं। अब इन आरोपियों की सम्पत्ति को लेकर जांच की जा रही है।
अवैध मिलते ही उन पर बुलडोजर चलाने की तैयारी है। एसओजी के अधिकारियों ने बताया कि पेपर लीक करने के दौरान जो पैसा इन लोगों ने कमाया, उस पैसे से क्या क्या निर्माण किया गया या फिर क्या प्रॉपर्टी खरीदी गई इस बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। यह परीक्षा राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड ने कराई थी।








