जयपुर 24 मार्च 2026 (राजस्थान) :- जयपुर शहर में इन दिनों एलपीजी (LPG) गैस की किल्लत ने आम लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। हालात इतने गंभीर हो चुके हैं कि पेट्रोल पम्पों पर अब गैस वितरण को सीमित करने की नई व्यवस्था लागू करनी पड़ी है। इस अघोषित राशनिंग के तहत ऑटो रिक्शा को अधिकतम 250 रुपए और कार चालकों को 550 रुपए तक ही एलपीजी दी जा रही है।
पम्पों पर नई व्यवस्था, कई जगह सप्लाई बंद
शहर के अजमेर रोड, झालाना और ट्रांसपोर्ट नगर जैसे प्रमुख इलाकों में कई पेट्रोल पम्पों पर या तो एलपीजी की सप्लाई पूरी तरह बंद कर दी गई है या बेहद सीमित मात्रा में दी जा रही है। पम्पों पर लगे बोर्डों में साफ लिखा जा रहा है कि तय सीमा से अधिक गैस नहीं मिलेगी।
ऑटो चालकों पर सबसे ज्यादा मार
एलपीजी संकट का सबसे ज्यादा असर ऑटो रिक्शा चालकों पर पड़ा है। उन्हें सुबह तड़के 4 बजे से लाइन में लगना पड़ रहा है, लेकिन कई घंटे इंतजार के बाद भी केवल 250 रुपए की गैस ही मिल पा रही है।
चालकों का कहना है कि इतनी गैस में पूरे दिन ऑटो चलाना संभव नहीं है, जिससे उनकी कमाई बुरी तरह प्रभावित हो रही है। कई चालकों ने मजबूरी में काम बंद कर दिया है।
सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था चरमराई
ऑटो की संख्या कम होने से शहर की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था प्रभावित हो गई है। यात्रियों को अब कैब या अन्य महंगे विकल्प अपनाने पड़ रहे हैं, जिससे उनका दैनिक खर्च तेजी से बढ़ रहा है।
आम लोगों पर बढ़ा आर्थिक बोझ
ऑफिस और स्कूल जाने वाले लोगों को अब पहले से ज्यादा किराया देना पड़ रहा है। जहां पहले मासिक खर्च करीब 5-6 हजार रुपए होता था, अब यह बढ़कर 9-10 हजार रुपए तक पहुंच गया है।
यात्रियों का कहना है कि मजबूरी में उन्हें महंगे साधनों का सहारा लेना पड़ रहा है।
घंटों लाइन, फिर भी अधूरी जरूरत
ऑटो चालकों के अनुसार, गैस भरवाने में ही आधा दिन निकल जाता है। इससे सवारी नहीं मिलती और आमदनी पर सीधा असर पड़ता है। कई लोगों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है।
स्थिति कब सुधरेगी?
फिलहाल प्रशासन या सप्लाई विभाग की ओर से स्थिति को लेकर कोई स्पष्ट समयसीमा सामने नहीं आई है। यदि जल्द समाधान नहीं निकला तो आने वाले दिनों में यह संकट और गहराने की आशंका है।
जयपुर में एलपीजी की कमी अब केवल ईंधन का संकट नहीं रही, बल्कि यह रोजमर्रा की जिंदगी, रोजगार और शहर की ट्रांसपोर्ट व्यवस्था को सीधे प्रभावित कर रही है। अगर जल्द सुधार नहीं हुआ तो हालात और गंभीर हो सकते हैं।








